मेरी प्रिय पुस्तक पर 10 लाइन – 10 Lines on My Favourite Book In Hindi

10 Lines on My Favourite Book In Hindi / Meri Priya Pustak Par Nibandh 10 Lines

दोस्तो पुस्तके हमारी सबसे अच्छी दोस्त होती है ! जिन्होंने पुस्तको से दोस्ती कर ली वह अपने जीवन में जल्दी ही सफलता प्राप्त कर लेता है ! हर किसी की अपनी – अपनी प्रिय पुस्तक जरुर होती है जो उसके लिए मोटिवेशन का काम करती है ! आज के समय में जो भी बड़े बिज़नेसमेन या फिर successful व्यक्ति है उनकी लाइफ में पुस्तकों ने अहम् भूमिका निभाई है कहीं न कही उनकी सफलता के पीछे उनकी प्रिय पुस्तके ही होती है और वे लोग हमेशा किताबो से जुड़े होते है और रोज किताबे जरुर पढ़ते है !

दोस्तों आज के इस लेख में हम 10 Lines on My Favourite Book In Hindi निबंध को शेयर कर रहे है ! यह निबंध Class 2 , 3 , 4 , 5 , 6 , 7 और 8 के विद्यार्थियों के लिए उपयोगी साबित  होगा ! तो आइये शुरू करते है   My Favourite Book Essay In Hindi 10 Lines

 

मेरी प्रिय पुस्तक पर 10 लाइन – 10 Lines on My Favourite Book In Hindi

 

10 Lines on My Favourite Book In Hindi

  1. पुस्तके हमारी सबसे अच्छी दोस्त होती है !
  2. एक अच्छी पुस्तक हजार दोस्तों के बराबर होती है !
  3. पुस्तके हमें जीवन में सही मार्गदर्शन प्रदान करती है !
  4. किसी व्यक्ति को सफल बनाने में पुस्तको का अहम् योगदान होता है !
  5. मेरी सबसे प्रिय पुस्तक भगवद्गीता है !
  6. महाभारत के युद्ध में युद्ध से पहले भगवान श्री कृष्ण ने धनुर्धर अर्जुन को भगवद्गीता सुनाई थी !
  7. भगवद्गीता में संस्कृत श्लोको के माध्यम से 18 अध्यायों का वर्णन किया गया है अर्थार्त भगवद्गीता में कुल 18 अध्याय है !
  8. भगवद्गीता एक पुस्तक ही नहीं है बल्कि यह हमें अपने जीवन में आगे बढ़ने में हमारा मार्गदर्शन करती है !
  9. भगवद्गीता में बताया गया है कि इन्सान को फल की इच्छा न करते हुए कर्म करते रहना चाहिए !
  10. भगवद्गीता हिन्दू धर्म का एक पवित्र ग्रन्थ माना गया है !

 

 10 Lines on My Favourite Book In English

  1. Books are our best friend.
  2. A good book is worth a thousand friends.
  3. Books give us the right guidance in life.
  4. Books play an important role in making a person successful.
  5. My favourite book is Bhagavad Gita.
  6. Lord Krishna had narrated the Bhagavad Gita to the archer Arjuna before the battle of Mahabharata.
  7. 18 chapters have been described in the Bhagavad Gita through Sanskrit verses, that is, there are total 18 chapters in the Bhagavad Gita.
  8. Bhagavad Gita is not only a book but it guides us to move ahead in our life.
  9. It has been told in the Bhagavad Gita that one should keep on doing the work without desiring the fruits.
  10. Bhagavad Gita is considered a holy book of Hinduism.

 

Related Post : 

Leave a Comment